थायराइड के मरीजों के लिए वरदान हैं ये 5 फूड्स! डाइट में शामिल करते ही लक्षणों को नियंत्रित रखने में मिल सकती है मदद

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नई दिल्ली: बदलती जीवनशैली और खानपान की आदतों के कारण थायराइड की समस्या तेजी से बढ़ रही है। खासकर महिलाओं में यह परेशानी अधिक देखने को मिल रही है। वजन का तेजी से बढ़ना, हार्मोनल बदलाव और शरीर में आयोडीन की कमी इसके प्रमुख कारणों में शामिल हैं। थायराइड मुख्य रूप से दो प्रकार का होता है—हाइपरथायरॉयडिज्म और हाइपोथायरॉयडिज्म। विशेषज्ञों के अनुसार, संतुलित आहार थायराइड हार्मोन के बेहतर संतुलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ के अनुसार, थायराइड हार्मोन के सामान्य उत्पादन और संतुलन के लिए शरीर को पर्याप्त मात्रा में आयोडीन की आवश्यकता होती है। शाकाहारी और वीगन आहार लेने वाले लोगों में कई बार आयोडीन की मात्रा कम हो सकती है। ऐसे में डाइट पर विशेष ध्यान देना जरूरी है।

दही

दही आयोडीन का अच्छा स्रोत माना जाता है। एक कप दही से लगभग 85 माइक्रोग्राम आयोडीन मिल सकता है, जो दैनिक जरूरत का करीब 50 प्रतिशत पूरा करने में मदद करता है। नियमित रूप से दही का सेवन थायराइड के लिए लाभकारी माना जाता है।

अंडा

रोजाना एक बड़ा अंडा खाने से शरीर की दैनिक आयोडीन आवश्यकता का लगभग 16 प्रतिशत पूरा हो सकता है। इसके अलावा अंडे में मौजूद प्रोटीन और अन्य पोषक तत्व भी शरीर को स्वस्थ रखने में सहायक होते हैं।

बेरीज

बेरीज में एंटीऑक्सीडेंट, सेलेनियम और कई आवश्यक विटामिन पाए जाते हैं। ये पोषक तत्व थायराइड के संतुलन को बनाए रखने और शरीर को ऑक्सीडेटिव तनाव से बचाने में मदद कर सकते हैं।

गोभी और ब्रोकली

शोधों के अनुसार, ब्रोकली, पत्तागोभी, फूलगोभी और अन्य क्रूसीफेरस सब्जियां संतुलित मात्रा में आहार का हिस्सा बनाने पर थायराइड स्वास्थ्य के लिए लाभकारी हो सकती हैं। इनमें कई ऐसे पोषक तत्व पाए जाते हैं जो शरीर के समग्र स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद करते हैं।

मीट, चिकन और मछली

जो लोग मांसाहार करते हैं, वे मीट, चिकन, मछली और अन्य समुद्री खाद्य पदार्थों को अपने भोजन में शामिल कर सकते हैं। इनमें जिंक, ओमेगा-3 फैटी एसिड और अन्य आवश्यक पोषक तत्व मौजूद होते हैं, जो शरीर के बेहतर कार्य करने में सहायता करते हैं।

ध्यान रखें

थायराइड की समस्या होने पर केवल खानपान के भरोसे इलाज नहीं करना चाहिए। नियमित दवा, समय-समय पर जांच और डॉक्टर की सलाह के अनुसार संतुलित आहार अपनाना सबसे प्रभावी तरीका माना जाता है।

 

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