जम्मू में बच्चों से भरी मेटाडोर पलटी, ‘वीरांगना’ प्रोजेक्ट के 30 बच्चे घायल; दो की हालत नाजुक
जम्मू: शहर में सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल के सामने फ्लाईओवर पर रविवार रात करीब सवा नौ बजे बच्चों से भरी मेटाडोर पलट गई। वाहन में ‘प्रोजेक्ट वीरांगना’ के तहत तीन महीने का प्रशिक्षण पूरा करने वाले 30 बच्चे सवार थे। सभी बच्चे मुबारक मंडी से जेडीए हॉस्टल लौट रहे थे। हादसे में सभी को चोटें आईं, जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए जीएमसी जम्मू ले जाया गया। इनमें से दो बच्चों की हालत नाजुक बताई गई है।
‘प्रोजेक्ट वीरांगना’ के तहत शक्ति उद्घोष फाउंडेशन ने सेवा भारती और एनएचपीसी के सहयोग से प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया था। स्वतंत्रता दिवस से पहले रविवार को प्रशिक्षण पूरा होने के मौके पर बाहु फोर्ट से मुबारक मंडी तक तिरंगा रैली निकाली गई थी। रैली में बड़ी संख्या में प्रशिक्षुओं ने हिस्सा लिया था।
रैली के बाद हॉस्टल लौटते समय हुआ हादसा
रैली खत्म होने के बाद बच्चों को मेटाडोर से जेडीए हॉस्टल वापस ले जाया जा रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, वाहन की रफ्तार तेज थी। हालांकि मेटाडोर के पलटने की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है।
हादसे के बाद घायल बच्चों को जीएमसी जम्मू पहुंचाया गया। दो बच्चों की हालत नाजुक बताई गई, जबकि बाकी बच्चों को प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। हादसे की जानकारी बच्चों के परिजनों को भी दे दी गई है।
तेज आवाज के बाद मची अफरा-तफरी
मेटाडोर के पलटते ही उसके शीशे टूटकर सड़क पर बिखर गए। तेज आवाज सुनकर फ्लाईओवर से गुजर रहे वाहन चालक रुक गए और बचाव कार्य में मदद करने लगे। हादसे की सूचना पुलिस और एंबुलेंस को दी गई, जिसके बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया।
हादसे के बाद वाहन का चालक और परिचालक मौके से फरार हो गए। कुछ समय तक फ्लाईओवर पर यातायात भी प्रभावित रहा। बाद में पुलिस ने क्षतिग्रस्त मेटाडोर को सड़क से हटवाकर यातायात सामान्य कराया।
चालक की तलाश में जुटी पुलिस
बस स्टैंड पुलिस स्टेशन के एसएचओ अश्वनी शर्मा ने बताया कि हादसे में घायल बच्चों को उपचार के लिए जीएमसी जम्मू पहुंचाया गया है। पुलिस हादसे के कारणों का पता लगाने के साथ वाहन चालक की तलाश कर रही है। दुर्घटना से जुड़े अन्य तथ्यों की भी जांच की जा रही है।





