होर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा पर ईरान-ओमान की सहमति, सुरक्षित नौवहन और क्षेत्रीय स्थिरता पर जोर
मस्कट। होर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा और समुद्री मार्गों की निर्बाध आवाजाही को लेकर ईरान और ओमान ने साझा प्रतिबद्धता जताई है। ईरान की इस्लामिक कंसल्टेटिव असेंबली के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ और विदेश मंत्री अब्बास अराघची के नेतृत्व में एक उच्चस्तरीय ईरानी प्रतिनिधिमंडल ने ओमान का दौरा किया, जहां दोनों देशों के शीर्ष नेताओं के बीच महत्वपूर्ण वार्ताएं हुईं।
दौरे के दौरान ईरानी प्रतिनिधिमंडल ने ओमान के सुल्तान हैथम बिन तारिक से मुलाकात की। इसके अलावा ओमान के विदेश मंत्री सैय्यद बद्र अलबुसैदी के साथ भी विभिन्न द्विपक्षीय और क्षेत्रीय मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई। वार्ता के बाद दोनों देशों ने एक संयुक्त बयान जारी कर समुद्री सुरक्षा, क्षेत्रीय स्थिरता और आपसी सहयोग को मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई।
संयुक्त बयान में ओमान ने अमेरिका और ईरान के बीच हुए “इस्लामाबाद मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग” का समर्थन करते हुए उसके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए दोनों देशों के बीच निरंतर संवाद और समन्वय की आवश्यकता पर बल दिया।
दोनों देशों ने होर्मुज जलडमरूमध्य के तटीय राष्ट्र होने के नाते अंतरराष्ट्रीय कानूनों के अनुरूप सुरक्षित नौवहन सुनिश्चित करने की अपनी जिम्मेदारी को रेखांकित किया। बयान में कहा गया कि ईरान और ओमान जलडमरूमध्य में अपने क्षेत्रीय जलक्षेत्रों पर संप्रभु अधिकारों को लेकर प्रतिबद्ध हैं और सुरक्षित मार्ग उपलब्ध कराने के लिए सहयोग जारी रखेंगे।
इस उद्देश्य से दोनों देशों ने अपने विदेश मंत्रालयों के बीच एक संयुक्त कार्य समूह के माध्यम से बातचीत जारी रखने पर सहमति जताई है। यह समूह होर्मुज जलडमरूमध्य में भविष्य की नौवहन व्यवस्था, संबंधित सेवाओं और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप शुल्क जैसे विषयों पर विचार करेगा।
ईरान और ओमान ने यह भी स्पष्ट किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य को अंतरराष्ट्रीय समुद्री यातायात के लिए सुरक्षित, खुला और विश्वसनीय मार्ग बनाए रखना उनकी साझा प्राथमिकता है। दोनों पक्षों ने समुद्री सुरक्षा, नौवहन की स्वतंत्रता और क्षेत्रीय शांति को बढ़ावा देने के लिए निरंतर सहयोग जारी रखने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।





