UP में मौसम का कहर: आंधी-बारिश और बिजली गिरने से 28 लोगों की मौत, कई जिलों में तबाही; आज फिर अलर्ट जारी
लखनऊ: नौतपा की भीषण गर्मी के बीच उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक खतरनाक रूप ले लिया। बृहस्पतिवार देर रात से शुक्रवार तक चली तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और बिजली गिरने की घटनाओं ने प्रदेश के कई जिलों में भारी तबाही मचाई। लखनऊ समेत पश्चिमी, पूर्वी और तराई क्षेत्र के अनेक जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई, जबकि कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि भी दर्ज की गई। प्राकृतिक आपदा से जुड़े हादसों और आकाशीय बिजली की चपेट में आने से प्रदेशभर में 28 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
मौसम की इस तबाही के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्थिति का संज्ञान लेते हुए सभी जिलाधिकारियों को राहत और बचाव कार्य तेज करने, नुकसान का आकलन कराने तथा प्रभावित परिवारों को जल्द सहायता राशि उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
बिजली गिरने और हादसों में गई 28 लोगों की जान
रायबरेली में मकान का टिनशेड गिरने से उसके नीचे दबकर 50 वर्षीय शकुंतला की मौत हो गई। अंबेडकरनगर के केदारनगर क्षेत्र में बिजली गिरने से 50 वर्षीय इंद्रजीत ने दम तोड़ दिया। सबसे ज्यादा 10 मौतें बुंदेलखंड क्षेत्र में दर्ज की गईं, जिनमें बांदा और हमीरपुर में तीन-तीन तथा महोबा और उरई में दो-दो लोगों की जान गई।
इसके अलावा मथुरा, उन्नाव और फतेहपुर में एक-एक व्यक्ति की मौत हुई। कौशांबी में चार लोगों की जान गई, जबकि प्रतापगढ़ में एक व्यक्ति की मौत दर्ज की गई। आजमगढ़, बलिया और भदोही में भी एक-एक व्यक्ति की मौत हुई है। देवरिया में आकाशीय बिजली गिरने से दो लोगों की जान चली गई। वहीं आगरा में कच्चे मकान की दीवार गिरने से एक रिक्शा चालक की मौत हो गई।
सहारनपुर में बाढ़ जैसे हालात, दो महिलाओं की मौत
सहारनपुर के सिद्धपीठ शाकंभरी देवी क्षेत्र में शिवालिक पहाड़ियों पर हुई मूसलाधार बारिश के बाद अचानक आई बाढ़ ने भारी तबाही मचाई। तेज जल प्रवाह की चपेट में आने से दो महिलाओं की मौत हो गई। क्षेत्र में कई स्थानों पर जनजीवन प्रभावित हुआ है।
आंधी-बारिश से गर्मी से मिली बड़ी राहत
जहां एक ओर मौसम ने तबाही मचाई, वहीं दूसरी ओर भीषण गर्मी से परेशान लोगों को राहत भी मिली। शुक्रवार को प्रदेश के कई जिलों में अधिकतम तापमान सामान्य से 8 डिग्री सेल्सियस तक नीचे आ गया। अमेठी, अयोध्या, सीतापुर, सुल्तानपुर, गोंडा, बलरामपुर, बहराइच, श्रावस्ती, कानपुर, हरदोई, मुरादाबाद और बरेली समेत कई जिलों में बारिश के बाद मौसम सुहावना हो गया।
पूर्वी उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक 100 मिलीमीटर बारिश मिर्जापुर में दर्ज की गई। इसके बाद अयोध्या में 90 मिलीमीटर, प्रयागराज में 61 मिलीमीटर, उन्नाव में 59 मिलीमीटर और सिद्धार्थनगर में 51 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सहारनपुर सबसे अधिक भीगा, जहां 32 मिलीमीटर बारिश हुई। सीतापुर, बदायूं और झांसी समेत कई जिलों में ओले भी गिरे।
रेल सेवाएं भी प्रभावित, कई ट्रेनें फंसीं
तेज आंधी और बारिश का असर रेलवे संचालन पर भी देखने को मिला। कानपुर-मुंबई रेलमार्ग पर जालौन के पास रेलवे भवन की छत के टुकड़े उड़कर ओवरहेड इलेक्ट्रिक लाइन पर गिर गए, जिससे तार टूट गए और बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। इसके कारण उरई मार्ग से गुजरने वाली ट्रेनों का संचालन करीब छह घंटे तक प्रभावित रहा।
वहीं गोरखपुर में रेलवे ट्रैक पर पेड़ गिरने से ओएचई तार टूट गया, जिससे 10 से अधिक ट्रेनें रास्ते में फंस गईं और यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
कई जिलों में उखड़े पेड़, बिजली व्यवस्था ठप
आंधी-बारिश के कारण बांदा, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, सोनभद्र, मिर्जापुर, देवरिया, गोरखपुर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, कानपुर नगर, कानपुर देहात, सहारनपुर, मेरठ, आगरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, इटावा, झांसी, ललितपुर समेत कई जिलों में पेड़ उखड़ गए और बिजली के खंभे गिरने से आपूर्ति बाधित हो गई।
आज 46 जिलों में आंधी-तूफान और 14 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने शनिवार के लिए प्रदेश के 46 जिलों में आंधी-तूफान की चेतावनी जारी की है। वहीं बांदा, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, संभल, बदायूं, हमीरपुर, महोबा, झांसी और ललितपुर सहित 14 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।



