ईरान के हमले से अमेरिका को बड़ा झटका! 8 F-15 और A-10 वॉरथॉग को पहुंचा नुकसान, एयरबेस पर दागी गईं दर्जनों मिसाइलें
वाशिंगटन: अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य संघर्ष में जॉर्डन स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर ईरान के हमले से अमेरिकी विमानों को नुकसान पहुंचने की खबर सामने आई है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, रात के समय मुवाफ्फक साल्टी एयर बेस को निशाना बनाकर किए गए हमले में एक A-10 थंडरबोल्ट विमान गंभीर रूप से प्रभावित हुआ, जबकि कई अन्य लड़ाकू विमानों को भी नुकसान पहुंचा।
रिपोर्ट के अनुसार, ईरानी हमले के दौरान अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर बड़ी संख्या में मिसाइलें पहुंचीं। हमले को रोकने के लिए अमेरिकी एयर डिफेंस सिस्टम को भी बड़े स्तर पर सक्रिय करना पड़ा।
A-10 का पंख टूटा, 8 F-15 को भी नुकसान
CBS की रिपोर्ट में पत्रकार जेनिफर जैकब्स के हवाले से बताया गया है कि ईरानी मिसाइल हमले में A-10 थंडरबोल्ट विमान का एक पंख टूटकर अलग हो गया। इसके अलावा करीब आठ F-15 लड़ाकू विमानों को भी नुकसान पहुंचने की जानकारी सामने आई है।
हालांकि, रिपोर्ट के मुताबिक ज्यादातर विमानों को मामूली क्षति हुई थी और उन्हें मरम्मत के बाद जल्द ही दोबारा सैन्य अभियान के लिए तैयार कर लिया गया। यानी सभी विमान पूरी तरह से नष्ट नहीं हुए हैं।
एक रात में 30 से ज्यादा पैट्रियट मिसाइलें दागीं
ईरानी हमले के दौरान अमेरिकी सैनिकों ने आने वाली मिसाइलों को रोकने के लिए 30 से अधिक पैट्रियट मिसाइलों का इस्तेमाल किया। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि अमेरिकी एयरबेस की सुरक्षा के लिए वहां मौजूद वायु रक्षा प्रणाली को कितने बड़े स्तर पर सक्रिय करना पड़ा।
रिपोर्ट के मुताबिक, करीब 60 ईरानी मिसाइलें अमेरिकी सैन्य ठिकाने तक पहुंचीं और वहां मौजूद अमेरिकी विमानों को नुकसान पहुंचाया। पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम में इस्तेमाल होने वाली मिसाइलों की लागत काफी अधिक होती है, ऐसे में इतने बड़े पैमाने पर इंटरसेप्टर का इस्तेमाल अमेरिका के लिए महंगा साबित हुआ।
ईरान ने F-16 और F-35 को भी नुकसान पहुंचाने का किया दावा
ईरान का दावा है कि हमले में अमेरिकी वायुसेना के F-15, F-16 और F-35 लड़ाकू विमानों को भी नुकसान पहुंचा है। हालांकि अमेरिका और जॉर्डन की ओर से इस दावे पर कोई बयान नहीं दिया गया था।
अब सामने आई CBS की रिपोर्ट में आठ F-15 विमानों को नुकसान पहुंचने की जानकारी दी गई है। वहीं A-10 थंडरबोल्ट के एक पंख के टूटने की बात भी रिपोर्ट में सामने आई है। अमेरिकी रिपोर्ट में F-35 का उल्लेख नहीं किया गया है, जबकि ईरान ने इस विमान को भी नुकसान पहुंचने का दावा किया है।
कौन सी बैलिस्टिक मिसाइलों से किया गया हमला?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिकी एयरबेस पर हुए हमले में ईरान की ओर से खोर्रमशहर, गद्र, इमाद, जोल्फागहर और फतह जैसी मिसाइलों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है। इन मिसाइलों ने अमेरिकी एयर डिफेंस के सामने बड़ी चुनौती खड़ी की।
यह हमला ऐसे समय हुआ है जब अमेरिका और ईरान के बीच सैन्य तनाव लगातार बढ़ रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, इससे पहले अमेरिका ने ईरान के पांच तेल टैंकरों को निशाना बनाया था। यह कार्रवाई ईरान की ओर से अमेरिकी नौसेना के एक युद्धपोत को निशाना बनाए जाने के जवाब में की गई थी।
इसके बाद ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने अमेरिकी कार्रवाई के जवाब में सैन्य अभियान चलाने का दावा किया। इसी घटनाक्रम के बीच जॉर्डन स्थित अमेरिकी एयरबेस पर हुआ मिसाइल हमला दोनों देशों के बीच बढ़ते सैन्य टकराव की गंभीरता को दिखाता है।





