योगी सरकार का बड़ा कदम! 223 पूर्व खिलाड़ियों को हर महीने आर्थिक सहायता, अर्जुन पुरस्कार विजेताओं को ₹20 हजार तक सम्मान राशि

11A_8

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार खेल प्रतिभाओं को बढ़ावा देने के साथ-साथ प्रदेश का नाम रोशन करने वाले पूर्व खिलाड़ियों के सम्मान और आर्थिक सुरक्षा पर भी विशेष ध्यान दे रही है। इसी उद्देश्य से संचालित भूतपूर्व खिलाड़ियों को आर्थिक सहायता योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रदेश के 223 पूर्व खिलाड़ियों को मासिक आर्थिक सहायता प्रदान की गई है। इस योजना का लाभ अर्जुन, द्रोणाचार्य, ध्यानचंद और खेल रत्न पुरस्कार विजेताओं के अलावा अंतरराष्ट्रीय, राष्ट्रीय और राज्य स्तर के खिलाड़ियों को भी मिल रहा है।

पुरस्कार विजेताओं को हर महीने 20 हजार रुपये की सहायता

प्रदेश सरकार अर्जुन पुरस्कार, द्रोणाचार्य पुरस्कार, ध्यानचंद पुरस्कार, खेल रत्न पुरस्कार से सम्मानित खिलाड़ियों तथा खेल क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के आधार पर पद्मश्री और पद्मभूषण सम्मान प्राप्त खिलाड़ियों को प्रतिमाह 20 हजार रुपये की आर्थिक सहायता उपलब्ध करा रही है। इन श्रेणियों के खिलाड़ियों के लिए किसी प्रकार की आय सीमा निर्धारित नहीं की गई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में 52 अर्जुन पुरस्कार विजेताओं को इस योजना के तहत प्रतिमाह 20-20 हजार रुपये दिए गए।

राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को भी मिल रहा लाभ

योजना के अंतर्गत 9 द्रोणाचार्य पुरस्कार विजेताओं, 5 ध्यानचंद पुरस्कार विजेताओं और 2 पद्मश्री सम्मानित खिलाड़ियों को भी प्रतिमाह 20 हजार रुपये की सहायता प्रदान की जा रही है। वहीं राज्य स्तर के 126 पूर्व खिलाड़ियों को 4 हजार रुपये, राष्ट्रीय स्तर के 24 खिलाड़ियों को 6 हजार रुपये और अंतरराष्ट्रीय स्तर के 5 खिलाड़ियों को प्रतिमाह 10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है।

इन खिलाड़ियों के लिए तय हैं पात्रता की शर्तें

राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों के लिए योजना का लाभ लेने हेतु मासिक आय 20 हजार रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। साथ ही लाभार्थी का उत्तर प्रदेश का स्थायी निवासी होना आवश्यक है। योजना के तहत खेल विभाग जिलों के खेल अधिकारियों को धनराशि उपलब्ध कराता है, जिसके बाद पात्र खिलाड़ियों के बैंक खातों में सीधे सहायता राशि हस्तांतरित की जाती है।

31 खेलों के खिलाड़ियों को योजना का लाभ

इस योजना में एथलेटिक्स, तीरंदाजी, हॉकी, तैराकी, टेनिस, टेबल टेनिस, तलवारबाजी, जिम्नास्टिक, बैडमिंटन, ताइक्वांडो, वुशू, फुटबॉल, हैंडबॉल, क्रिकेट, बॉक्सिंग, कबड्डी, कुश्ती, शूटिंग सहित कुल 31 खेलों को शामिल किया गया है। सरकार का उद्देश्य अधिक से अधिक पात्र खिलाड़ियों को योजना का लाभ पहुंचाना है।

हर पात्र खिलाड़ी तक पहुंचे योजना का लाभ

खेल निदेशक डॉ. आरपी सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार खिलाड़ियों के सम्मान, कल्याण और सामाजिक सुरक्षा के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। विभाग पारदर्शी व्यवस्था के तहत पात्र खिलाड़ियों के बैंक खातों में हर महीने सीधे आर्थिक सहायता भेज रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि प्रदेश का कोई भी पात्र पूर्व खिलाड़ी इस योजना के लाभ से वंचित न रहे।

 

----------------------------------------------------------------------------------------------

एक नज़र