गाजा युद्ध रोकने की नई कोशिश! ट्रंप की 15 सूत्रीय शांति योजना पर हमास की सहमति, अब इस्राइल के फैसले का इंतजार
गाजा: गाजा में महीनों से जारी युद्ध को समाप्त करने की दिशा में अमेरिका की ओर से नई पहल सामने आई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 15 सूत्रीय शांति प्रस्ताव पेश किया है। दावा किया गया है कि इस प्रस्ताव पर हमास ने सहमति जता दी है, जबकि इस्राइल की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। यदि सभी पक्ष इस योजना पर सहमत होते हैं तो गाजा में युद्धविराम, इस्राइली सेना की चरणबद्ध वापसी, नई प्रशासनिक व्यवस्था और पुनर्निर्माण की प्रक्रिया शुरू हो सकती है।
संयुक्त राष्ट्र प्रस्ताव के तहत आगे बढ़ेगी शांति प्रक्रिया
प्रस्ताव के अनुसार सभी पक्ष ट्रंप की व्यापक शांति योजना और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 2803 (2025) के आधार पर आगे बढ़ेंगे। इसका उद्देश्य गाजा में हिंसा समाप्त करना, इस्राइली सेना की चरणबद्ध वापसी सुनिश्चित करना, सामान्य जनजीवन बहाल करना और फलस्तीनी प्रशासन को दोबारा स्थापित करना है। योजना में आर्थिक पुनर्निर्माण को भी प्रमुख प्राथमिकता दी गई है।
युद्धविराम के बाद बदलेगी प्रशासनिक व्यवस्था
प्रस्ताव में कहा गया है कि इस्राइल शार्म अल-शेख प्रोटोकॉल के तहत अपनी शेष जिम्मेदारियां पूरी करते हुए सैन्य अभियान समाप्त करेगा। वहीं हमास और अन्य फलस्तीनी संगठन भी अपनी सैन्य गतिविधियां बंद करेंगे। इसके बाद 14 दिनों के भीतर अगले चरण की विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
योजना के तहत गाजा के प्रशासन की जिम्मेदारी नेशनल कमेटी फॉर द एडमिनिस्ट्रेशन ऑफ गाजा को सौंपी जाएगी। वहीं इंटरनेशनल वेरिफिकेशन कमेटी दोनों पक्षों द्वारा किए गए वादों और शर्तों के पालन की निगरानी करेगी।
हमास को छोड़ने होंगे प्रशासनिक और सुरक्षा अधिकार
प्रस्ताव में स्पष्ट किया गया है कि हमास और अन्य फलस्तीनी संगठन गाजा के नागरिक प्रशासन और सुरक्षा से जुड़े सभी अधिकार नई प्रशासनिक समिति को सौंपेंगे। संक्रमण काल के दौरान किसी भी संगठन को समिति के कार्यों में हस्तक्षेप की अनुमति नहीं होगी।
नई समिति नागरिक सेवाओं का संचालन करेगी, सरकारी कर्मचारियों के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करेगी तथा अंतरराष्ट्रीय सहयोग से वित्तीय और प्रशासनिक ऑडिट भी कराएगी। सार्वजनिक संपत्तियों और संसाधनों का प्रबंधन भी इसी समिति के जिम्मे होगा।
सुरक्षा व्यवस्था पर सबसे सख्त प्रावधान
योजना में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर “एक प्राधिकरण, एक कानून और एक हथियार” की नीति अपनाने का प्रस्ताव रखा गया है। इसके तहत सुरक्षा व्यवस्था केवल अधिकृत संस्थाओं के नियंत्रण में रहेगी और किसी भी सशस्त्र संगठन की स्वतंत्र भूमिका समाप्त की जाएगी।
अंतरराष्ट्रीय बल करेगा निगरानी
प्रस्ताव के मुताबिक गाजा में अस्थायी अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल तैनात किया जाएगा। यह बल युद्धविराम की निगरानी करेगा, इस्राइली सेना और नई प्रशासनिक व्यवस्था के बीच समन्वय स्थापित करेगा, फलस्तीनी पुलिस को प्रशिक्षण देगा और मानवीय सहायता को सुरक्षित तरीके से जरूरतमंदों तक पहुंचाने में सहयोग करेगा।
चरणबद्ध तरीके से होगी इस्राइली सेना की वापसी
योजना के अनुसार इस्राइली सेना तय समय-सारिणी के तहत चरणबद्ध तरीके से गाजा पट्टी से वापस लौटेगी। प्रस्ताव में यह भी कहा गया है कि किसी भी निवासी को गाजा छोड़ने के लिए मजबूर नहीं किया जाएगा।
पुनर्निर्माण के लिए तैयार होगा अलग ढांचा
प्रस्ताव के अंतिम चरण में गाजा के पुनर्निर्माण की विस्तृत रूपरेखा दी गई है। इसके तहत वित्तीय संसाधनों की व्यवस्था, परियोजनाओं की समय-सीमा और निगरानी की जिम्मेदारी बोर्ड ऑफ पीस और नेशनल कमेटी फॉर द एडमिनिस्ट्रेशन ऑफ गाजा संयुक्त रूप से संभालेंगे। पूरी प्रक्रिया अंतरराष्ट्रीय कानूनों और निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित की जाएगी।
अब इस प्रस्ताव का भविष्य काफी हद तक इस्राइल की प्रतिक्रिया पर निर्भर करेगा। यदि इस्राइल इसे स्वीकार करता है तो गाजा में लंबे समय से जारी संघर्ष को समाप्त करने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो सकती है।





