कम उम्र में सफेद हो रहे बाल? केमिकल डाई नहीं, सौंफ से पाएं नेचुरल हेयर कलर जैसा असर
नई दिल्ली। आज के दौर में सफेद बाल केवल बढ़ती उम्र की निशानी नहीं रह गए हैं। बदलती जीवनशैली, अनियमित खानपान, बढ़ता मानसिक तनाव, नींद की कमी और मोबाइल-लैपटॉप की स्क्रीन से निकलने वाली तेज रोशनी के कारण कम उम्र में ही बाल सफेद होने लगे हैं। पहले यह समस्या चालीस या पचास की उम्र के बाद देखने को मिलती थी, लेकिन अब स्कूल और कॉलेज जाने वाले युवाओं तक में सफेद बाल दिखाई देने लगे हैं। ऐसे में लोग जल्दी समाधान चाहते हैं, लेकिन बार-बार केमिकल हेयर कलर करना न तो सेहत के लिए ठीक है और न ही हर किसी के पास इसके लिए समय और बजट होता है।
आयुर्वेद और विज्ञान क्या कहते हैं सफेद बालों पर
आयुर्वेद के अनुसार बाल शरीर की अंदरूनी सेहत का आईना होते हैं। जब शरीर में वात और पित्त का संतुलन बिगड़ता है, तो इसका सीधा असर बालों की जड़ों पर पड़ता है। वहीं विज्ञान मानता है कि बालों के सफेद होने की मुख्य वजह मेलानिन नामक पिगमेंट की कमी है। मेलानिन ही बालों को काला रंग देता है और जब तनाव, ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस या पोषण की कमी होती है, तो इसका उत्पादन कम हो जाता है, जिससे बाल समय से पहले सफेद होने लगते हैं।
सौंफ क्यों मानी जाती है बालों के लिए फायदेमंद
सौंफ आमतौर पर पाचन के लिए जानी जाती है, लेकिन आयुर्वेद में इसे त्रिदोष नाशक माना गया है। सौंफ में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स और फ्लेवोनॉयड्स शरीर में बनने वाले फ्री रेडिकल्स से लड़ने में मदद करते हैं। विज्ञान के अनुसार यही फ्री रेडिकल्स बालों की जड़ों को नुकसान पहुंचाते हैं और समय से पहले सफेद बालों की बड़ी वजह बनते हैं। सौंफ के तत्व बालों की जड़ों को ऑक्सीडेटिव डैमेज से बचाने में सहायक माने जाते हैं।
नेचुरल पिगमेंट से छुपते हैं सफेद बाल

सौंफ में मौजूद कुछ नेचुरल पिगमेंट बालों पर हल्की डार्क कोटिंग बनाते हैं। यह तरीका बालों को अंदर से स्थायी रूप से काला नहीं करता, लेकिन सफेद बालों को अस्थायी रूप से ढकने में मदद करता है। जो लोग तुरंत केमिकल कलर का इस्तेमाल नहीं करना चाहते, उनके लिए यह देसी तरीका राहत दे सकता है।
ऐसे करें सौंफ का देसी इस्तेमाल
इस घरेलू नुस्खे की प्रक्रिया बेहद आसान है। सबसे पहले सौंफ को साफ पानी में कुछ देर भिगोकर उसकी अशुद्धियां निकाल लें। इसके बाद उसे हल्की आंच पर भूनें और पूरी तरह जलने दें। जब सौंफ जलकर काली राख बन जाए, तो उसे ठंडा करके बारीक पीस लें। तैयार पाउडर को सफेद बालों पर हल्के हाथों से लगाएं। इसका असर एक दिन तक रहता है और अगली बार बाल धोने पर यह हट सकता है।
सफेद बालों से राहत के लिए लाइफस्टाइल भी जरूरी
अगर सफेद बालों की समस्या लगातार बढ़ रही है, तो केवल बाहरी उपायों पर निर्भर रहना पर्याप्त नहीं है। आयुर्वेद और विज्ञान दोनों ही यह सलाह देते हैं कि संतुलित आहार लें, तनाव से दूर रहें, नींद पूरी करें और शरीर को अंदर से मजबूत बनाएं। सही दिनचर्या और प्राकृतिक उपाय मिलकर ही बालों की सेहत को लंबे समय तक बनाए रख सकते हैं।

